विंडोज लाइव राइटर – चिट्ठाकारी का नया औजार
जनवरी 2, 2007
ब्लॉगिंग ने वेब को दोतरफा संवाद माध्यम में बदल दिया है। सभी ब्लॉगर चाहते हैं कि ब्लॉग लिखना सरलतम तथा आनंददायक काम बने। अधिकतर ब्लॉगर ब्लॉगिंग सर्विस के वेब आधारित अंतर्निमित एडीटर से लिखना शुरु करते हैं जिससे काम तो चल जाता है पर इसमें अधिक फंक्शनैलिटी नहीं होती। अगर ऐतिहासिक दृष्टि से बात करें तो सबसे पहले डेस्कटॉप ब्लॉगिंग टूल आये जैसे w.Bloggar तथा BlogJet आदि। इसके बाद नंबर आता है ब्राउजर आधारित टूल्स का जैसे Flock तथा Performancing. इसी श्रृखंला में नवीनतम हैं MS Word 2007 का अंतर्निमित ब्लॉग एडीटर था Windows Live Writer।
जहाँ तक बात है ब्लॉगिंग सर्विस के वेब आधारित अंतर्निमित एडीटर की तो उसके के उपयोग में दो नुक्सान हैं एक तो वहाँ उपलब्ध Rich Text Editor सीमित संसाधन युक्त होत है मतलब उसमें फंक्शन कम होते हैं साथ ही लिखने की जगह भी बहुत सीमित सी होती है दूसरा नुक्सान है आपको ऑनलाइन रहते हुए लिखना पड़ता है जिससे मेरे जैसे सीमित इंटरनेट कनेक्शन वाले को बिल की ही चिंता सताती रहती है। डेस्कटॉप ब्लॉगिंग टूल एक रिच टेक्स्ट एडीटर/वर्ड प्रोसेसर जैसा टूल होता है जिसमें ब्लॉगिंग सबधित कई फंक्शन होते हैं। आप ऑफलाइन रह कर पोस्ट लिखते हो, उसे सजाते संवारते हो, काम फाइनल हो जाने पर ऑनलाइन होकर पोस्ट प्रकाशित (Publish) कर देते हो। पोस्ट को ड्राफ्ट के रूप में सहेजने (Save) करने की सुविधा के कारण आप उसे कई चरणों में लिख सकते हैं। ब्राउजर आधारित टूल वेब आधारित तथा डेस्कटॉप आधारित टॄल्स के बीच की चीज है। इनमें Performaing जो कि एक फायरफॉक्स एड-ऑन है काफी उन्नत है परंतु डेस्कटॉप ब्लॉगिंग टूल इन तीनों प्रकार के टूल्स में बाजी मार ले जाते हैं अब तक जो टूल विंडोज उपयोगकर्ताओं द्वारा सर्वाधिक प्रयोग हो रहा था वह है w.bloggar पर एक तो अब इसका डेवलपमेंट मंद पड़ गया है। दूसरा Windows Live Writer की विशिष्ट खूबियों के चलते यह इस दौड़ में पिछड़ गया है।
बिल्लू भैया एंड कंपनी ने १३ अगस्त २००६ को बहुत काम का औजार निकाला विंडोज लाइव राइटर। यद्यपि यह Live Spaces को ध्यान में रखकर बनाया गया था परंतु यह अधिकतर ब्लॉगिंग सेवाओं पर कार्य कर लेता है। इसका लेआउट माइक्रोसॉफ्ट वर्ड जैसा है, यह अभी बीटा चरण में है तथापि काफी अच्छा कार्य करता है।
विंडोज लाइव राइटर में बहुत सी विशेषताएं हैं जैसे WYSIWYG या HTML मोड में पूर्वालोकन, आसान फोटो-पब्लिशिंग, श्रेणियाँ (Tagging) तथा अधिकतर ब्लॉगिंग प्लेटफार्म हेतु सपोर्ट परंतु यह सब तो पुराने डेस्कटॉप क्लाइंट यथा w.bloggar आदि में भी था। इसे उन सब से अलग बनाती हैं कुछ निम्नलिखित खूबियाँ:
- “Web Layout” मोड में लेखन जिससे आप को लगता है कि जैसे आप साक्षात अपने ब्लॉग में लिख रहे हों। आपको लिखते हुए पोस्ट जैसी दिखाई देगी, पब्लिश होने पर ठीक वैसी ही होगी।
- इसमें प्ल्गइन फंक्शनैलिटी है जिसके द्वारा इसमें नये फीचर जोड़े जा सकते हैं। (फायरफॉक्स एक्सटेंशनों की तरह)
इसका इंटरफेस साफ-सुथरा है तथा माइक्रोसॉफ्ट-वर्ड से मिलता जुलता है। इतना ही नहीं इसकी शब्द-संपादन कार्य-प्रणाली भी वर्ड जैसी ही है जिससे की नये प्रयोगकर्ताओं को इसे सीखने में वक्त नहीं लगता जो कि इसके प्रचलन का एक प्रमुख कारण भी है। साथ ही वर्तनी जाँचक की सुविधा भी है लेकिन यह इंग्लिश तक सीमित है।
इसको इंस्टाल करना w.bloggar आदि अन्य टूल्स की तुलना में अत्यंत आसान है। बस अपना ब्लॉग का URL, य़ूजरनेम तथा पासवर्ड दीजिए तथा बाकी काम यह स्वयं कर लेगा। यह लॉगइन करके Weblog Style तथा अन्य फाइलें डाउनलोड कर लेता है। अगर आप इंटरनेट एक्सप्लोरर प्रयोग करते हैं तो इसमें उसके लिए एक टूलबार इंस्टाल करने का विकल्प भी है लेकिन मेरी तरह कई लोग टूलबार पसंद नहीं करते। इसके अतिरिक्त यह नये यूजरों के लिए Live Spaces के लिए साइनअप करने का भी विकल्प देता है पर हिन्दी ब्लॉगर लाइव स्पेसिज का प्रयोग नहीं करते।
जब आप WLW को पहली बार स्टार्ट करते हैं तो यह एक new, blank पोस्ट दिखाता है। यह आपके ब्लॉग के CSS को डाउनलोड कर लेता है तथा आपके ब्लॉग का एक काल्पनिक वर्जन बना देता है जिससे आपको लगता है कि जैसे आप सीधे ही अपने ब्लॉग में लिख रहे हों। आजकल ज्यादातर ब्लॉग एडीटरों में WYSIWYG (What You See Is What You Get अर्थात जैसा देखो वैसा प्राप्त होगा) होता है लेकिन WLW इस सबसे एक कदम आगे है यह आपके ब्लॉग का Template इस्तेमाल करता है जिससे आप जिसके रंग, चौड़ाई आदि आपके ब्लॉग जितनी ही होती है जिससे कि एडीटर स्क्रीन बिल्कुल आपके ब्लॉग जैसी ही दिखाई देती है। इसमें तीन WYSIWYG मोड हैं – Normal, Web Layout तथा Web Preview. मैं वेब लेआउट मोड में लिखता हूँ। वेब प्रिव्यू मोड में यह आपका ब्लॉग नई सामग्री के साथ दिखाता है जिससे ऐसा प्रतीत होता है जैसे कि आपने पोस्ट को पब्लिश कर दिया हो।
नीचे Post Properties तथा Trackbacks bar है जिसमें आप पोस्ट संबंधी विभिन्न विकल्प जैसे Time Stamp, Keywords, Comments तथा Trackback संबंधी विकल्प तथा Trackback भेजने के लिए URL आदि कॉन्फिगर कर सकते हैं। ऊपर दाईं तरफ आप पोस्ट के लिए श्रेणियाँ चुन सकते हैं जिसे WLW आपके ब्लॉग से खोज लेता है। आप ड्रॉफ्ट को अपने कम्यूटर तथा ब्लॉग सर्वर दोनों पर सहेज सकते हैं। ऊपर टूलबार से पब्लिश ड्रॉप-डाउन बॉक्स से आप अपनी पोस्ट को ड्रॉफ्ट के रुप में ब्लॉग पर सहेज सकते हैं अथवा सीधे पोस्ट कर सकते हैं। पिछली पोस्टों को खोला तथा संपादित भी किया जा सकता है। एक फीचर Map Publishing जिसमें यह Live.com Maps ब्लॉग का प्रयोग करता है पर यह फीचर ज्यादा प्रयोग नहीं होती।
प्लगइन
माइक्रोसॉफ्ट ने WLW के लिए SDK (Application API) जारी किया है जिसके द्वारा डेवेलपर इसके लिए प्ल्गइन बनाकर इसमें नये फीचर्स जोड़ सकते हैं। यह फायरफॉक्स एक्स्टेम्शनों (जिन्हें संस्करण २.० से एड-ऑन कहा जा रहा है) जैसी ही सुविधा है जो कि फायरफॉक्स के लोकप्रिय होने का एक प्रमुख कारण था यही बात WLW के लिए भी कही जा सकती है। इस तरह का काम माइक्रोसॉफ्ट ने मेरे विचार से पहली बार किया है।
प्लगइन जमा कराने तथा डाउनलोड के लिए लाइव गैलरी है इसके अतिरिक्त कुछ अन-ऑफिशियल साइटों से भी इन्हें डाउनलोड किया जा सकता है।
फोटो-पब्लिशिंग
अपने कम्प्यूटर अथवा वेब से फोटो पोस्ट में डाली जा सकती है, इसके अतिरिक्त फ्लिकर से फोटो डालने के लिए भी प्लगइन उपलब्ध हैं। यह फोटो को अपने आप रीसाइज कर लेता है तथा उसका थम्बनेल डाल देता है जिस पर क्लिक करने से मूल इमेज पर जाया जा सकता है। इसके अतितिक्त इमेज संबंधी बहुत विकल्प हैं जिनमें drop shadow, adjusting brightness, contrast, sharpen, emboss तथा अन्य इफेक्ट शामिल हैं। आप इमेजिस को FTP सर्वर पर भी अपलोड कर सकते हैं।
पॉडकास्टिंग
ऑडियो तथा वीडियो पोस्ट करने हेतु कुछ प्लगइन उपलब्ध हैं लेकिन चूंकि मैं वर्डप्रैस.कॉम प्रयोग करता हूँ जिसमें इन्हें केवल एक लाइन लिखकर पोस्ट किया जा सकता है अतः इस बारे में अभी कोई जानकारी नहीं दे सकता।
कमियाँ
कमियाँ हर चीज में होती हैं तथा WLW इसका अपवाद नहीं है। जब भी आप एक नई पोस्ट अथवा ड्रॉफ्ट बनाना चाहते हैं एक नई विंडो खुल जाती है जो कि काफी खीझ भरा है। इसी तरह फाइल मीनू में Close Post जैसा विकल्प भी नहीं है।
अगर किसी पुरानी पोस्ट को संपादित करें तथा उसमें <!- -more- -> टैग हो जिसे कि “continue reading” संवाद के लिए प्रयोग किया जाता है तो यह केवल उपरोक्त टैग से पहले तक की ही पोस्ट दिखाएगा बाद की नहीं।
इसके अतिरिक्त भी इसमें कई कमियाँ हैं परंतु चूंकि यह अभी बीटा स्टेज में है इसलिए उम्मीद की जा सकती है कि फाइनल संस्करण में इन्हें दूर कर लिया जाएगा। लेकिन अच्छी बात यह है कि आप WLW ग्रुप फोरम में इन के बारे में बता सकते हैं तथा WLW टीम इस बारें में सुनती है और आपके प्रश्नों का जवाब देती है।
उपसंहार
अगर तो आपको संक्षिप्त पोस्ट लिखनी हो जिसमें विशेष फॉर्मेटिंग की आवश्यकता न हो तो ब्लॉग-सेवा के वेब आधारित इंटरफेस का प्रयोग करें परंतु यदि आपको लंबी तथा सजा-संवार कर पोस्ट लिखनी हो तो WLW से अच्छा कुछ नहीं। मैं तो अब छोटी से छोटी पोस्ट भी इसमें लिखता हूँ। एक बार प्रयोग शुरु करने के बाद आपको भी इसकी आदत हो जाएगी जिसके बाद सीमित सुविधा वाले वेब-आधारित एडीटर में लिखने का मन ही नहीं करता। ‘फुरसतिया’ जी के लिए तो मैं इसे खास रिकमेन्ड करूँगा।
अब चिट्ठाकारी न करने का कोई बहाना नहीं चलेगा। ![]()
नोट: कल WLW की प्रैक्टिकल क्लास लगेगी। इस लिए सभी छात्र हाजिर रहें। ‘कविराज’ सुन रहे हैं न।
संबंधित कड़ियाँ
Writer Zone (WLW ब्लॉग)
विंडोज लाइव राइटर डाउनलोड
विंडोज लाइव राइटर फोरम ग्रुप
विंडोज लाइव गैलरी (WLW प्लगइन ऑफीशियल साइट)
wlwplugins.com (WLW प्लगइन अनऑफीशियल साइट)
स्माईलगिरी कैसे करें
दिसम्बर 28, 2006
आज एक स्माईली मेरेको मिलने कू आया। मैं बोला कईसा है रे तो बोला क्या बताऊं जी बोत टेन्शन में हूँ। मैंने कहा कायकू भाई आजकल तो तू बोत हिट होरेला है जिसको देखो वई स्माईलगिरी कर रेला है। बोला यई तो लोचा है बाप जबसे वो उड़नस्वामी ने लोगों को अन्यथा नई लेने को बोला है मेरी तो वाट लग गई है। मैं बोला अबे तू तो पोपुलर हो गया यार मैं तो बोलता हूँ आज लास्ट दिन है तू भी चिट्ठा लिखना शुरु कर और चुनाव में खडा़ हो जा। बोला खालीपीली कायकू लेरे ओ बाप, वर्क-लोड एकदम बढ़ गया है, भाई लोग मेरे को सांस नी लेने देरे खासकर टिप्पणियों में। कोई उपाय बताओ ना पंडित जी। मैं बोला ठीक है भाई अपुन ट्राई करता है आगे भाई लोगों की मर्जी। तो भाई लोग आज की क्लास में अपुन बताएगा कि स्माईलगिरी कैसे करने का है।
स्माईलियों का इतिहास भूगोल बताकर बोर नहीं करुंगा जिन को जानना हो नीचे दी गई कड़ियों पर जाएं। स्माईली दो प्रकार के होते हैं – टेक्स्ट तथा ग्राफिक। मैं यहाँ सिर्फ ग्राफिक स्माईली दे रहा हूँ (बिना Quotes के प्रयोग करें)। मेरे विचार से ब्लॉगर ग्राफिक स्माईली नहीं दिखा सकता।
=”:)” या “:-)” या “:smile:”
= “:D” या “:-D” या “:grin:”
= “:(” या “:-(” या “:sad:”
= “:o” या “:-o” या “:eek:”
= “8O” या “8-O” या “:shock:”
= “:?” या “:-?” या “:???:”
8) = “8)” या “8-)” या “:cool:”
= “:x” या “:-x” या “:mad:”
= “:P” या “:-P” या “:razz:”
= “:|” या “:-|” या “:neutral:”
= “;)” या “;-)” या “:wink:”
= “:lol:”
= “:oops:”
= “:cry:”
= “:evil:”
= “:twisted:”
= “:roll:”
= “:!:”
= “:?:”
= “:idea:”
= “:arrow:”
= “:mrgreen:”
फोरमों के मामले में कुछ स्माईली सभी फोरमों के लिए काम नहीं करते। परिचर्चा के लिए स्माईली कोड यहाँ पर दिए गए हैं।
फायरफॉक्स में स्माईली ही स्माईली:
फायरफॉक्स के लिए Smiley Xtra नामक एक्सटेंशन यहाँ से डाउनलोड तथा इंस्टाल करें। इससे Smiley Xtra का आइकॉन फायरफॉक्स के टूलबार पर आ जाएगा।
इस पर क्लिक करने से यह साइडबार में खुल जाएगा।
चिट्ठे पर स्माईली लगाने के लिए HTML एडीटर में जाकर Smiley Xtra के साइडबार में बायें से चौथा आइकॉन तथा परिचर्चा आदि फोरम के लिए पोस्ट एडीटर में जाकर बायें से तीसरा आइकॉन क्लिक करें। इससे क्रमशः HTML तथा BBCode इन्सर्ट हो जाएगा।
विंडोज लाइव राइटर में Spaces Emoticon:
विंडोज लाइव राइटर के लिए Insert Spaces Emoticon प्लगइन यहाँ से डाउनलोड तथा इंस्टाल करें। अब WLW में Insert मीनू में जाकर A Spaces Emoticon… पर क्लिक करें।
जिससे नीचे वाली विंडो खुल जाएगी।
बस अपनी पसंद का स्माईली चुनिए और OK क्लिक करिए।
तो भाईलोग स्माईलगिरी करो बिंदास होके। 
संबंधित कडियाँ:
Smiley के बारे में विकीपीडिया पर
Emoticon के बारे में विकीपीडिया पर
Using Smilies « WordPress Codex
फोटोशॉप में हिन्दी कैसे टाइप करें
दिसम्बर 13, 2006
पिछले कुछ दिनों से विंडोज लाइव राइटर से पोस्ट नहीं कर पा रहा था। इसलिए कोई पोस्ट नहीं लिख पाया। काफी झक मारने पर पता चला कि WLW इमेजों को ब्लॉग पर अपलोड नहीं कर पा रहा है। फिर फ्लिकर का सहारा लिया। मामले को सुलझाने की कोशिश कर रहा हूँ।
आज की कक्षा में बताया जाएगा कि फोटोशॉप में हिन्दी टेक्स्ट कैसे टाइप किया जाए। इसके क्या-क्या तरीके हैं तथा कौन सा सरलतम है। अगर भूमिका पढ़ने में रुचि हो तो ठीक वरना सीधे नीचे कार्यशाला (वर्कशॉप) में चले जाइए।
भूमिका: कोई पिछले एक महीने से भटक रहा था कि फोटोशॉप में हिन्दी टाइप नहीं होती। ‘मंगल’ फॉन्ट तथा IME के प्रयोग से अक्षरों की जगह कचरा (????) छप जाता था। सब IME प्रयोग करके देख चुका था। यह समस्या परिचर्चा में भी पूछी थी। अमित बोले नॉन-यूनीकोड हिन्दी फॉन्ट प्रयोग करो लेकिन तब समस्या ये थी कि कीबोर्ड मैप का पता नहीं चलता। मैं परेशान हो गया कि आखिर जिसको हिन्दी टाइपिंग (रेमिंगटन) नहीं आती क्या वो फोटोशॉप में हिन्दी लिख नहीं सकेगा। तब मैने हमारे मास्साब फोटोशॉप-गुरु पंकज भईया से गुहार लगायी वो बोले भईया पहले तो फोटोशॉप अपडेट करो। ये कृतिदेव हिन्दी फॉन्ट भेज रहा हूँ इसका कीबोर्ड मिला तो भेजूँगा। अब मैंने फोटोशॉप CS2 9.0 डाउनलोड और इंस्टाल किया लेकिन फर्क सिर्फ इतना पड़ा कि ‘मंगल’ फॉन्ट तथा IME के साथ हिन्दी टाइप हो रही थी पर समस्या वही कि मात्राएं तथा मिश्रित अक्षर (श्र, ज्ञ आदि) बिखर जाते थे (चित्र देखिए)।
अब पंकज भैया ने भी हाथ खड़े कर दिए और कोई उपाय नहीं यही कीबोर्ड प्रयोग करो। लो जी अब खोज शुरु की तो रविरतलामी जी के चिट्ठे पर यहाँ मिल गया। Hindi Indic IME में भी २-३ रेमिंगटन टाइपराइटर वाले Visual कीबोर्ड हैं जो MS Word के साथ तो काम करते हैं पर Photoshop में नहीं।
यानि उपाय यह रहा कि कीबोर्ड मैप देख-देख कर टाइप करो इस तरह मुझसे एक लाइन भी न टाइप हुई। तंग आकर में फिर प्रयोगशाला में घुसा और अबकी बार सफल हो कर ही निकला।
कार्यशाला (Workshop):
पहली विधि (Phonetic IME के लिए)
टूलबॉक्स: Photoshop (कोई भी वर्जन), Baraha Direct (BarahaIME नहीं)।
Baraha Direct इंस्टाल करने के बाद सिस्टम ट्रे आइकॉन पर राइट क्लिक करके Language>Hindi>ANSI चुनिए।
फोटोशॉप इंस्टाल/स्टार्ट कीजिए। अब:
- टूलबार से टेक्स्ट टूल सलेक्ट करिए।
- फॉन्ट BRH Devanagari सलेक्ट कीजिए।
- यहां पर Smooth सलेक्ट करिए।
बस अब मनचाही हिन्दी टाइप कीजिए। ग्राफिक्स प्रोग्रामों में फॉन्ट के नॉन-यूनीकोड होने से कोई फर्क नहीं पड़ता (चित्र देखिए)।
लाभ (Pro): बताने की जरुरत नहीं।
हानि (Cons): यह बिधि में केवल BRH Devnagari, BRH Devanagari Extra तथा BRH Devanagari RN फॉन्ट प्रयोग कर सकते हैं।
दूसरी विधि (रेमिंगटन टाइपराइटर कीबोर्ड के लिए)
टूलबॉक्स: Photoshop (कोई भी वर्जन), कृतिदेव आदि हिन्दी फॉन्ट तथा कीबोर्ड मैप (यदि आपको रेमिंगटन कीबोर्ड का अभ्यास है तो इसकी आवश्यकता नहीं)।
यह आम प्रचलित तरीका है पंकज जी, अमित जी तथा रविरतलामी जी आदि यही प्रयोग करते हैं। जो रेमिंगटन कीबोर्ड से परिचित हैं उन्हें तो कोई दिक्कत नहीं पर दूसरे लोग इस इमेज को अपने कंप्यूटर पर सेव कर लें। अब:
- टूलबार से टेक्स्ट टूल सलेक्ट करिए।
- हिन्दी फॉन्ट यथा कृतिदेव सलेक्ट कीजिए।
अब कीबोर्ड मैप से देख-देखकर हिन्दी टाइप कीजिए।
लाभ (Pro): रेमिंगटन कीबोर्ड वाले कई हिन्दी फॉन्ट उपल्ब्ध हैं जिनका प्रयोग कर सकते हैं। उदाहरण: कृतिदेव, कुंडली आदि।
हानि (Cons): बताने की जरुरत नहीं।
उपसंहार: Phonetic कीबोर्ड के अभ्यस्तों के लिए पहली विधि श्रेष्ठ है तथा रेमिंगटन वालों के लिए दूसरी।
यद्यपि यह विधि फोटोशॉप के लिए लिखी गई है तथापि अन्य नॉन-यूनीकोड ग्राफिक्स प्रोग्रामों के लिए भी उपयोगी है। यदि कोई अन्य अपेक्षाकृत सरल/बेहतर तरीका आप जानते हैं तो कृपया टिप्पणी द्वारा बताइए।
P.S. फोटोशॉप CS2 9.0 का ट्रायल वर्जन यहाँ से डाउनलोड करें।
ब्लॉगिंग शब्दावली (निरंतर अद्यतन)
दिसम्बर 5, 2006
जब मैंने हिन्दी चिट्ठाजगत में प्रवेश किया था तो मुझे कई हिन्दी शब्दों का अर्थ समझ नहीं आया था, पहला शब्द तो चिट्ठा ही था, इसी प्रकार कड़ियाँ, संजाल, पुरालेख आदि। अतः मेरा विचार है कि हिन्दी चिट्ठाजगत में प्रचलित शब्दों से एक ब्लॉगिंग शब्दावली (Blogging Jargon) बनायी जाए। यह नये चिट्ठाकारों के लिए काफी लाभदायक सिद्ध होगा। मैं इसका श्रीगणेश कर रहा हूँ, समय-समय पर इसमें नये शब्द जोड़ता रहूँगा, कृपया आप भी टिप्पणियों के द्वारा शब्दभंडार बढ़ाने में सहयोग दें, मैं उन्हैं यहाँ जोड़ता रहूँगा। साथ ही गलतियाँ भी बताते रहें। यहाँ पर मैं आधिकाधिक शब्द शामिल करना चाहता हूँ, यह बहस कहीं और करेंगें कि किन शब्दों का प्रयोग हो और किन का नहीं। एक बार अच्छा संग्रह हो जाने पर इसे सर्वज्ञ पर डाल दूँगा।
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- User - प्रयोगकर्ता
- Administrator – प्रशासक
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- Logout – सत्रसमापन
- To Click – क्लिक करना, चटका लगाना
- Update - अद्यतन
- Projects – परियोजना
संबंधित कड़ियाँ:
पाठकों से प्रश्न:
कृपया निम्न शब्दों की हिन्दी सुझायें
- Post
- Profile
ई-पंडित की ई-पाठशाला
दिसम्बर 5, 2006
पिछले कुछ दिनों से पंडित जी की पोथी बंद थी। पंडित जी जरा शोध-कार्य में व्यस्त थे। इस चिट्ठे को शुरु करते हुए दिमाग में एक मुख्य बात यही थी कि हिन्दी में सरल भाषा में तकनीकी लेख लिखे जाएं। तो भाइयों शुरु करने जा रहे हैं ई-पंडित की ई-पाठशाला।
पंडित जी इस पाठशाला में सबको अपना (अ)ज्ञान बांटेंगें। इसमें से कुछ आइडिये तो उनके अपने दिमाग की उपज हैं तथा कुछ उन्होंने समाधि-अवस्था में साइबरलोक से प्राप्त किए हैं। इस कार्य में गुरु गूगलस्वामी का पूर्ण आशीर्वाद रहा, ईश्वर उनका साया हमारे ऊपर बनाये रखे।
इस पाठशाला में होंगे तकनीकी लेख, टोने-टोटके (Tips & Tricks), तथा कैसे करें (Howto) आदि। कुछ ओरिजनल तथा कुछ इधर-उधर से मारे हुए। पाठशाला का पता यह है।
आज पहली कक्षा में नव चिट्ठाकारों हेतु चिट्ठाजगत में प्रचलित ब्लॉगिंग शब्दावली पढाई जायेगी।
॥ बोलो पूज्य गुरु गूगलस्वामी तथा इष्टदेव इंटरनेट महाराज की जय ।।
चिट्ठे पर रंगीन अक्षरों (Text) में कैसे लिखें
नवम्बर 22, 2006
कुछ समय पूर्व प्रभात टंडन जी ने पूछा था कि मैंने अपने चिट्ठे पर रंगीन शब्दों में कैसे लिखा है, इस विषय में अपना जवाब यहाँ लिख रहा हूँ शायद यह अन्य चिट्ठाकार बंधुओं के लिए भी उपयोगी हो।
प्रभात जी ने पूछा था:
श्रीश भाई, यह वर्ड्प्रेस पर आपने जो आज की पोस्ट की है उसको रंगीन मे कैसे लिखा, मैने तो कोई Option देखे नही. मेरे ईमेल पर बता दें अगर आप को एतराज न हो, drprabhatlkw at gmail dot com.
इसके निम्नलिखित तरीके हैं:
- आप ब्लॉगिंग सर्विस के HTML Editor के प्रयोग द्वारा यह कार्य कर सकते हैं। इसके लिए आपको इच्छित रंग का Hex Code पता होना चाहिए। परंतु यह एक कठिन तथा आउटडेटेड तरीका है। उदाहरण: <font color=”#ff0000″>मैं लाल रंग में हूँ।</font> से परिणाम प्राप्त होगा: मैं लाल रंग में हूँ। तथा <font color=”#0000ff”>मैं नीले रंग में हूँ।</font> से परिणाम प्राप्त होगा: मैं नीले रंग में हूँ। HTML संबंधी कुछ कार्यों के लिए आप BBCodeXtra नामक Firefox Extension का भी प्रयोग कर सकते हैं परंतु उसमें टेक्स्ट का रंग बदलने का फंक्शन नहीं है। मैंने एक्सटेंशन लेखक को इस बारे में ईमेल किया है शायद वह इस पर कार्यवाही करें।
- आप Performancing, DeepestSender तथा WordPress.com Sidebar आदि फायरफॉक्स एक्सटेंशन्स का प्रयोग कर सकते हैं। यह सभी ब्लॉग एडीटिंग टूल्स फायरफॉक्स ब्राऊजर पर चलते हैं।
- आप किसी डेस्कटॉप ब्लॉगिंग टूल जैसे w.bloggar, BlogJet तथा Windows Live Writer (WLW) आदि का प्रयोग कर सकते हैं। इनमें विंडोज लाइव राइटर नवीनतम तथा सर्वाधिक संसाधन युक्त (Feature rich) है जो कि आजकल काफी प्रसिद्ध हो रहा है। मैं अपने सभी ब्लॉग लिखने के लिए इसी का प्रयोग करता हूँ। इसमें एक रिच टेक्स्ट एडीटर के सभी फंक्शन हैं।
इनमें तीसरा तरीका सबसे अच्छा है जिसमें सबसे अच्छी बात यह है कि आप ऑफलाइन जितने मर्जी चाहे पोस्टें लिखिए तथा ऑनलाइन होकर सबको पब्लिश कर दीजिए। हाँ पब्लिश करते समय Post Properties में जाकर दिनाँक तथा समय बदल लीजिए।










